Answer
'गैप' प्रकार के स्प्रिंग में ऐसे सिरे होते हैं जो स्पर्श नहीं करते हैं, जिससे स्प्रिंग बिना किसी हस्तक्षेप के रेडियल रूप से विस्तारित हो सकता है। इसकी भार क्षमता पूरी तरह से तरंग ज्यामिति का एक कार्य है। एक 'ओवरलैप' प्रकार के सिरे एक दूसरे के ऊपर स्लाइड करते हैं। संपीड़न के दौरान, ओवरलैपिंग सिरे अधिक निरंतर 360-डिग्री संपर्क सतह प्रदान करते हैं, जिससे सिरों के बीच घर्षण के कारण 'स्पष्ट' कठोरता में थोड़ी वृद्धि हो सकती है। हालाँकि, ओवरलैप डिज़ाइन का उपयोग मुख्य रूप से तंग रेडियल स्थानों में स्पर्शरेखा हस्तक्षेप (टकराव) को रोकने के लिए किया जाता है। सैद्धांतिक रूप से, लोड $P = _x000c_rac{k imes \delta}{Z}$ वही रहता है, लेकिन ओवरलैप संस्करण उच्च-कंपन वातावरण में रेडियल मिसलिग्न्मेंट के खिलाफ अधिक मजबूत है जहां एक गैप स्प्रिंग शिफ्ट और खराब हो सकता है।